अब हनुमान मंदिरों के लिए होगा आंदोलन

0
46

भोपाल। (हिन्द न्यूज सर्विस)। भारतीय जनता पार्टी के नेताओं और उनके समर्थकों ने भगवानों की जाति बताने का ऐसा सिलसिला शुरू किया है, जिससे समाज में नए तरह का आंदोलन शुरू होने का अंदेशा पैदा हो गया है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भगवान हनुमान को दलित बताया, जिस पर सबसे ज्यादा चर्चा हुई है। भाजपा के दूसरे नेता थावरचंद गहलोत ने हनुमान को आदिवासी बताया और राजस्थान भाजपा के नेता ज्ञानदेव आहूजा ने कुछ दूसरी और बेहद अपमानजनक बात कही। पर उस पर ज्यादा चर्चा नहीं हुई। योगी आदित्यनाथ की बातों को दलित संगठनों ने गंभीरता से लिया है और आंदोलन शुरू करने का ऐलान किया है। कई दलित संगठनों ने कहा है कि वे हनुमान मंदिरों पर नियंत्रण के लिए आंदोलन छेड़ेंगे। हालांकि ऐसा नहीं होता है कि जिस देतवा की जो जाति बताई जाती है उसके मंदिर पर उसका नियंत्रण होता है पर दलित संगठनों ने इसकाराजनीतिक फायदाउठाने के लिए आंदोलन का ऐलान कर दिया है। अगर दलित संगठन आंदोलन छेड़ते हैं तोउनका पहला निशाना अयोध्या मेें हनुमानगढ़ी का मंदिर हो सकता है। देश भर से भगवान हनुमान के भक्त इस मंदिर में पूजा अर्चना करने आते हैं। कई दलित संगठन आंदोलन छेडऩे की तैयारी में हैं। इससे समाज में विभाजन का खतरा और बढ़ जाएगा।
०-नया इंडिया के कालम ”राजरंगÓÓ से साभार)
०००००००००००००

LEAVE A REPLY